जनता की चौखट पर विधायक, प्रदीप प्रसाद ने सुनीं फरियादें, लापरवाह अधिकारियों को दी सख्त चेतावनी
हजारीबाग: सदर विधानसभा क्षेत्र के लोकप्रिय विधायक प्रदीप प्रसाद ने अपने जनसेवा कार्यालय परिसर में भव्य 'जनता दरबार' का आयोजन कर लोकतंत्र की असली तस्वीर पेश की। विधायक ने न केवल ग्रामीणों की समस्याओं को सुना, बल्कि मौके पर ही संबंधित अधिकारियों को फोन लगाकर कड़े लहजे में समाधान के निर्देश दिए।
सीधा संवाद: पंचायत से लेकर गांवों तक उमड़ी भीड़
जनता दरबार में विभिन्न पंचायतों और सुदूर गांवों से आए ग्रामीणों ने अपनी व्यथा सुनाई। इसमें मुख्य रूप से शिक्षा, स्वास्थ्य, जर्जर सड़कें, बिजली कटौती, पेंशन में देरी और आवास योजना से जुड़ी शिकायतें शामिल थीं। विधायक ने एक-एक ग्रामीण से व्यक्तिगत रूप से मिलकर उनकी समस्याओं को डायरी में नोट किया।
अधिकारियों को दो टूक: 'जनसेवा में कोताही बर्दाश्त नहीं'
ग्रामीणों की शिकायतों पर त्वरित संज्ञान लेते हुए विधायक प्रदीप प्रसाद ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि आम जनता को दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें। उन्होंने स्पष्ट कहा, "जनप्रतिनिधि का सर्वोच्च दायित्व जनसेवा है। जनता और प्रशासन के बीच की दूरी को खत्म करना मेरी प्राथमिकता है। यदि किसी भी स्तर पर काम में लापरवाही मिली, तो संबंधित विभाग जवाबदेह होगा।"
समग्र विकास का संकल्प
विधायक ने उपस्थित लोगों को आश्वस्त किया कि यह जनता दरबार केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि समस्याओं के निराकरण का एक सशक्त माध्यम है।
उन्होंने कहा: "क्षेत्र का समग्र विकास और बुनियादी सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित करना मेरा लक्ष्य है। हम एक ऐसी पारदर्शी और जवाबदेह व्यवस्था बनाएंगे जहां अंतिम व्यक्ति की आवाज भी शासन तक पहुंचे।"