केन्द्र सरकार की बड़ी सौगात, उज्ज्वला योजना के तहत 25 लाख परिवारों को मिलेगा मुफ्त गैस कनेक्शन, चूल्हा और पहली रिफिल भी पूरी तरह फ्री
हजारीबाग/रांची/नई दिल्ली: देश की गरीब महिलाओं को धुएं से मुक्ति दिलाने और स्वच्छ ईंधन के उपयोग को बढ़ावा देने की दिशा में केंद्र सरकार ने एक ऐतिहासिक कदम उठाया है। प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के विस्तार को मंजूरी देते हुए सरकार ने देश भर में 25 लाख अतिरिक्त मुफ्त एलपीजी कनेक्शन जारी करने का निर्णय लिया है। इंडियन ऑयल कॉर्पोरेशन लिमिटेड द्वारा जारी जानकारी के मुताबिक, इस फैसले से उन वंचित परिवारों को सीधा लाभ मिलेगा जिनके पास अब तक रसोई गैस की सुविधा नहीं थी। सरकार की यह पहल न केवल महिलाओं के स्वास्थ्य को सुरक्षित रखेगी बल्कि उनके जीवन स्तर में भी व्यापक सुधार लाएगी। तेल विपणन कंपनियों ने इस योजना को और अधिक कल्याणकारी बनाते हुए घोषणा की है कि नए नामांकित होने वाले सभी लाभार्थियों को गैस कनेक्शन के साथ एलपीजी स्टोव और पहली रिफिल भी पूरी तरह मुफ्त दी जाएगी। इसके अतिरिक्त, लाभार्थियों को जमा-मुक्त सिलेंडर, प्रेशर रेगुलेटर, सुरक्षा पाइप और डीजीसीसी कार्ड के लिए कोई भी प्रशासनिक शुल्क नहीं देना होगा।
योजना का लाभ लेने के लिए प्रक्रिया को बेहद सरल और पारदर्शी बनाया गया है। इच्छुक आवेदक अपने नजदीकी एलपीजी वितरक, सामान्य सेवा केंद्र (सीएससी) या विभागीय वेबसाइट के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं। आवेदन के लिए व्यस्क सदस्यों के आधार कार्ड, बैंक खाता विवरण और राशन कार्ड जैसे दस्तावेज अनिवार्य होंगे, साथ ही बायोमेट्रिक प्रमाणीकरण भी जरूरी होगा। सरकार ने प्रवासी मजदूरों के लिए विशेष राहत देते हुए घोषणा की है कि यदि उनके पास पते का प्रमाण नहीं है, तो वे केवल एक स्व-घोषणा पत्र जमा करके इस योजना का लाभ उठा सकते हैं। यह योजना जाति के बंधन से मुक्त है, यानी आवेदन के लिए किसी भी जाति प्रमाण पत्र की आवश्यकता नहीं है। गौरतलब है कि मई 2016 में शुरू हुई इस योजना ने अब तक 10 करोड़ से अधिक परिवारों की रसोई की तस्वीर बदल दी है। आंकड़े बताते हैं कि उज्ज्वला लाभार्थियों के बीच एलपीजी की खपत में लगातार वृद्धि हो रही है, जो इस योजना की सफलता का प्रमाण है। लाभार्थी अपनी सुविधानुसार 14.2 किलोग्राम या 5 किलोग्राम के सिलेंडर का विकल्प भी चुन सकते हैं।