सड़क पर नहीं, जीवन रक्षा हेतु बहे रक्त- सड़क सुरक्षा माह में हजारीबाग परिवहन विभाग की संवेदनशील पहल
नरेश सोनी विशेष संवाददाता झारखंड
हजारीबाग: मानवीय संवेदनाओं को सर्वोपरि रखते हुए सड़क सुरक्षा माह 2026 के अंतर्गत जिला परिवहन कार्यालय हजारीबाग ने एक अनुकरणीय उदाहरण प्रस्तुत किया है। 'सड़क पर रक्त न बहाएं, बल्कि रक्तदान करें' के मर्मस्पर्शी ध्येय वाक्य को चरितार्थ करते हुए जिला परिवहन कार्यालय परिसर में एक भव्य रक्तदान शिविर का आयोजन किया गया। इस पुनीत कार्य का मूल उद्देश्य न केवल सड़क दुर्घटनाओं के प्रति आमजन को जागरूक करना था, बल्कि आकस्मिक दुर्घटनाओं में घायल पीड़ितों के लिए आपातकालीन स्थिति में जीवनरक्षक रक्त की उपलब्धता सुनिश्चित करना भी था।
शिविर का संपूर्ण वातावरण सेवाभाव और सामाजिक दायित्व के निर्वहन के उत्साह से ओत-प्रोत रहा। इस महादान अभियान का शुभारंभ स्वयं जिला परिवहन पदाधिकारी ने रक्तदान कर किया, जिसने वहां उपस्थित अन्य कर्मियों और नागरिकों में नई ऊर्जा का संचार किया। शीर्ष अधिकारी द्वारा प्रस्तुत इस आदर्श ने अधीनस्थ कर्मचारियों और स्थानीय युवाओं को भी गहराई से प्रेरित किया, जिसके फलस्वरूप कार्यालय के समस्त कर्मियों सहित तीन दर्जन से अधिक जागरूक नागरिकों ने स्वेच्छा से आगे आकर रक्तदान किया। रक्तदाताओं के चेहरों पर किसी के जीवन की रक्षा में भागीदार बनने का संतोष स्पष्ट झलक रहा था।
जिला परिवहन पदाधिकारी ने इस अवसर पर स्पष्ट संदेश दिया कि सड़क दुर्घटनाओं में होने वाली जनहानि को रोकना प्रशासन के साथ-साथ हम सबकी सामूहिक और नैतिक जिम्मेदारी है। उन्होंने रेखांकित किया कि रक्तदान साक्षात जीवनदान का पर्याय है और सड़क सुरक्षा माह के दौरान की गई यह पहल भविष्य में किसी जरूरतमंद के लिए संजीवनी साबित होगी। इस आयोजन के माध्यम से विभाग ने समाज में यह सशक्त संदेश भी प्रसारित किया कि मानव रक्त का एक-एक कतरा अमूल्य है और इसे लापरवाही के कारण सड़कों पर व्यर्थ बहने देने के बजाय किसी की थम रही धड़कनों को बचाने में उपयोग किया जाना चाहिए।

No comments
Post a Comment