हजारीबाग पुलिस की बड़ी सफलता: बरही बैंक डकैती का वाराणसी में हुआ 'द एंड', ₹20 लाख कैश और 912 ग्राम सोना बरामद, 3 कुख्यात डकैत गिरफ्तार
यूपी, बिहार और उत्तराखंड में आतंक मचाने वाले गैंग ने फेसबुक-यूट्यूब से सीखी थी बैंक लूट की तकनीक; स्कार्पियो से वाराणसी भागते समय पुलिस ने घेरा।
हजारीबाग। हजारीबाग पुलिस ने बरही थाना क्षेत्र स्थित बैंक ऑफ महाराष्ट्र में 24 अप्रैल को हुई बड़ी लूट की घटना का पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस ने उत्तर प्रदेश के वाराणसी से इस अंतरराज्यीय गिरोह के तीन कुख्यात अपराधियों को गिरफ्तार किया है। इनके पास से 912.22 ग्राम सोना और 20 लाख रुपये नकद बरामद किए गए हैं।
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| Barhi Bank Dakkeit. |
वाराणसी में फिल्मी अंदाज में गिरफ्तारी
घटना के बाद गठित SIT टीम ने जब सीसीटीवी फुटेज और टेक्निकल सेल की मदद ली, तो सुराग वाराणसी की ओर मिला। बरही एसडीपीओ अजीत कुमार विमल के नेतृत्व में टीम ने वाराणसी पुलिस के सहयोग से सारनाथ थाना क्षेत्र में संदिग्ध स्कार्पियो (BR-01 HN-2024) को घेरा। पुलिस को देखते ही अपराधियों ने भागने की कोशिश की, लेकिन घेराबंदी कर तीन को दबोच लिया गया।
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| Jari Press vigyapti. |
फेसबुक और यूट्यूब से मिली 'लूट' की प्रेरणा
पकड़े गए अपराधियों ने पूछताछ में चौंकाने वाला खुलासा किया। उन्होंने बताया कि ओडिशा में हुई एक बैंक लूट की खबर उन्होंने फेसबुक और यूट्यूब पर देखी थी, जिससे उन्हें पता चला कि बैंक ऑफ महाराष्ट्र गोल्ड लोन भी देता है। इसके बाद गिरोह ने करीब 2 महीने तक बरही बैंक की रेकी की और व्हाट्सएप के जरिए पूरी साजिश रची।
पकड़े गए अपराधी और उनका इतिहास
Lपश्चिम बंगाल, गया और उत्तराखंड में लूट के 5 बड़े मामलों में शामिल।
मो. अफजल (नवादा): बिहार और बंगाल में लूट और धोखाधड़ी के 5 मामलों में नामजद।
सौरभ कुमार यादव उर्फ सोनू (मऊ): गया, बंगाल और पटना में लूट के कांडों में संलिप्त।
बरामदगी का विवरण
सोना: 912.22 ग्राम (गलाया हुआ)।
नकद: ₹20,00,000 (बीस लाख रुपये)।
वाहन: लूट में प्रयुक्त स्कार्पियो और 2 पल्सर मोटरसाइकिल (गया रेलवे स्टेशन से बरामद)।
अन्य: 6 मोबाइल फोन।
हजारीबाग पुलिस अब इस गिरोह के अन्य फरार सदस्यों की तलाश में छापेमारी कर रही है। इस सफल अभियान में सदर एसडीपीओ अमित आनंद और बरही एसडीपीओ अजीत कुमार विमल के साथ टेक्निकल सेल की अहम भूमिका रही।


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