-->
होम राशिफल
YouTube
ई-पेपर राज्य चुनें
EDITOR: NARESH PRASAD SONI
--:--
...
🌤
--°C
Special Offer
🎙️ न्यूज़ प्रहरी रिपोर्टर बनें
क्या आप अपने क्षेत्र की आवाज बनना चाहते हैं?
मात्र 5 मिनट में अपनी पत्रकार ID एवं अपॉइंटमेंट लेटर प्राप्त करें!
Child Marriage Law लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
Child Marriage Law लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

Hazaribagh Legal Awareness Camp: यदुनाथ बालिका उच्च विद्यालय में DLSA का कानूनी जागरूकता शिविर, बाल विवाह और साइबर क्राइम पर दिए कड़े निर्देश

 

Hazaribagh Legal Literacy Camp: यदुनाथ बालिका उच्च विद्यालय में कानूनी जागरूकता शिविर का आयोजन, DLSA सचिव ने बाल विवाह और साइबर अपराध पर किया जागरूक

हजारीबाग:

झारखंड राज्य विधिक सेवा प्राधिकार (JHALSA), रांची के तत्वावधान में तथा जिला विधिक सेवा प्राधिकार (DLSA), हजारीबाग के बैनर तले जिले में 90 दिवसीय कानूनी जागरूकता सह आउटरीच कार्यक्रम चलाया जा रहा है। यह अभियान प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश सह अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकार हजारीबाग, ध्रुव चंद्र मिश्रा के दिशा-निर्देश में आयोजित किया जा रहा है।

Hazaribagh Legal Literacy Camp

​इसी क्रम में शुक्रवार को हजारीबाग स्थित यदुनाथ बालिका उच्च विद्यालय में एक विशेष विधिक जागरूकता शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में मुख्य अतिथि के रूप में जिला विधिक सेवा प्राधिकार, हजारीबाग के सचिव डॉ. रवि प्रकाश तिवारी उपस्थित हुए और छात्राओं व शिक्षकों को विभिन्न कानूनी प्रावधानों की विस्तार से जानकारी दी।

बाल विवाह कानूनन अपराध, शामिल होने वालों पर भी होगी कार्रवाई: DLSA सचिव

​कार्यक्रम के दौरान मुख्य अतिथि डॉ. रवि प्रकाश तिवारी ने सामाजिक कुरीतियों और बाल विवाह पर कड़ा संदेश दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि:

  • विवाह की कानूनी उम्र: लड़कियों का विवाह 18 वर्ष से कम और लड़कों का विवाह 21 वर्ष से कम उम्र में करना कानूनन अपराध है।
  • कानूनी स्थिति: बाल विवाह को कानून की नजर में शून्य (invalid) माना जाता है।
  • कार्रवाई का दायरा: ऐसे अवैध विवाह का आयोजन करने वाले, उसमें सहयोग करने वाले या शामिल होने वाले लोगों के खिलाफ भी कड़ी कानूनी कार्रवाई की जा सकती है।

साइबर सुरक्षा व वित्तीय धोखाधड़ी से बचाव के दिए टिप्स

​तकनीकी दौर में बढ़ते साइबर अपराधों पर चिंता व्यक्त करते हुए सचिव डॉ. तिवारी ने छात्राओं और उपस्थित लोगों को डिजिटल सुरक्षा के प्रति सचेत किया।

वित्तीय सुरक्षा के मुख्य बिंदु:

  • ​अपने एटीएम कार्ड का पासवर्ड या पिन किसी से साझा न करें।
  • ​मोबाइल पर आने वाले वन टाइम पासवर्ड (OTP) को कभी किसी अनजान व्यक्ति को न बताएँ।
  • ​गोपनीय जानकारी साझा करने से बैंक खाते में जमा राशि का दुरुपयोग हो सकता है और वित्तीय नुकसान का सामना करना पड़ सकता है।
  • हेल्पलाइन सुविधा: यदि कोई व्यक्ति साइबर धोखाधड़ी का शिकार हो जाता है, तो वह तत्काल टोल फ्री हेल्पलाइन नंबर 1930 पर अपनी शिकायत दर्ज करा सकता है। इसके अलावा निकटतम साइबर थाने में भी लिखित आवेदन दिया जा सकता है।

​इस कार्यक्रम में स्कूल की शिक्षिकाएँ, अधिकार मित्र विकास कुमार पांडेय तथा बड़ी संख्या में छात्राएँ उपस्थित रहीं।

न्याय सदन परिसर में प्रदर्शनी एवं बरही में भी शिविर आयोजित

​विधिक जागरूकता अभियान की इसी कड़ी में हजारीबाग स्थित न्याय सदन परिसर में एक विशेष प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। इसमें आम लोगों ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और कानूनी प्रक्रियाओं व निःशुल्क विधिक सहायता से संबंधित जानकारियाँ हासिल कीं।

​इसके साथ ही, बरही प्रखंड के उत्क्रमित उच्च विद्यालय, बरसोत में भी एक कानूनी जागरूकता शिविर आयोजित किया गया। इस शिविर में मुख्य रूप से अधिकार मित्र सिकंदर कुमार दास, नीरज कुमार, भानुमति कुमारी, रिंकी कुमारी एवं सुनील कुमार वर्मा ने संयुक्त रूप से विद्यार्थियों को विभिन्न कानूनों और न्याय सदन से मिलने वाली निःशुल्क कानूनी सुविधाओं के बारे में विस्तार से बताया।

Press Release - District Legal Services Authority (DLSA), Hazaribagh

और पढ़ें: हजारीबाग सिविल कोर्ट: विशेष लोक अदालत में चेक बाउंस के 97 मामलों का निपटारा, 4 करोड़ का सेटलमेंट

© 2025 News Prahari. All Rights Reserved. | Reg No: JH-11-0021972