-->
होम राशिफल
YouTube
ई-पेपर राज्य चुनें
EDITOR: NARESH PRASAD SONI
--:--
...
🌤
--°C
Special Offer
🎙️ न्यूज़ प्रहरी रिपोर्टर बनें
क्या आप अपने क्षेत्र की आवाज बनना चाहते हैं?
मात्र 5 मिनट में अपनी पत्रकार ID एवं अपॉइंटमेंट लेटर प्राप्त करें!
News Prahari Update लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं
News Prahari Update लेबलों वाले संदेश दिखाए जा रहे हैं. सभी संदेश दिखाएं

हजारीबाग में राम भक्तों की सेवा के लिए सांसद सेवा केंद्र का भव्य शुभारंभ

 हजारीबाग में राम भक्तों की सेवा के लिए सांसद सेवा केंद्र का भव्य शुभारंभ

हजारीबाग की ऐतिहासिक रामनवमी और सेवा का अनूठा संकल्प

HAZARIBAGH: झारखंड के हजारीबाग जिले में रामनवमी का पर्व केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं बल्कि एक अटूट आस्था और जन-भागीदारी का महाकुंभ है। वर्ष 2026 की रामनवमी को लेकर पूरे शहर में उत्साह और उमंग का वातावरण व्याप्त है। इस पावन अवसर पर हजारीबाग लोकसभा क्षेत्र के सांसद मनीष जायसवाल ने राम भक्तों की सुविधा और सहायता के लिए एक विशेष पहल की है। शनिवार की देर शाम उन्होंने अपने सांसद सेवा कार्यालय को एक पूर्णकालिक सेवा केंद्र के रूप में परिवर्तित कर इसका विधिवत उद्घाटन किया। इस केंद्र की स्थापना का मुख्य ध्येय उन लाखों श्रद्धालुओं की सेवा करना है जो सुदूर ग्रामीण क्षेत्रों और अन्य जिलों से इस विश्व प्रसिद्ध जुलूस का हिस्सा बनने हजारीबाग पहुंचते हैं। इस उद्घाटन समारोह की खास बात यह रही कि सांसद ने स्वयं हिंदूवादी युवा भैरव सिंह के साथ मिलकर इस केंद्र का द्वार खोला जो युवाओं के प्रति उनके विश्वास और जज्बे को दर्शाता है। इस गरिमामयी अवसर पर सदर विधायक प्रदीप प्रसाद, भाजपा जिला अध्यक्ष विवेकानंद सिंह और युवा इंजीनियर अमन कुमार जैसे गणमान्य लोग उपस्थित रहे जिन्होंने इस सेवा कार्य को पुण्य का काम बताया।

हजारीबाग सांसद कार्यालय में राम भक्तों की सेवा हेतु 'सांसद सेवा केंद्र' का उद्घाटन करते सांसद मनीष जायसवाल, भैरव सिंह, विधायक प्रदीप प्रसाद व अन्य।

श्रद्धालुओं के लिए उपलब्ध सुविधाएं और व्यवस्थाएं

सांसद सेवा केंद्र को इस तरह से तैयार किया गया है कि यह अगले 36 से 48 घंटों तक बिना रुके निरंतर कार्य करेगा। जब तक रामनवमी का जुलूस सड़कों पर रहेगा तब तक यह केंद्र सक्रिय भूमिका में नजर आएगा। केंद्र के भीतर श्रद्धालुओं के लिए पेयजल की उत्तम व्यवस्था की गई है। इसके साथ ही गर्मी और थकान को देखते हुए सत्तू, चना और पोषाहार के साथ-साथ रात्रि में भोजन का भी प्रबंध किया गया है। ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले लोगों के लिए यहाँ विश्राम की भी संक्षिप्त व्यवस्था है। सांसद मनीष जायसवाल ने स्पष्ट किया कि इस बार स्वास्थ्य सेवाओं पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। यदि भीड़ के दौरान कोई भी भक्त अस्वस्थ महसूस करता है या उसे चोट लगती है तो भाजपा के समर्पित कार्यकर्ता और सहयोगी तुरंत उसे प्राथमिक उपचार देंगे। गंभीर स्थिति में मरीज को अस्पताल पहुंचाने के लिए वाहन और वॉलंटियर्स की टीम 24 घंटे तैनात रहेगी। सांसद स्वयं इस केंद्र से राम भक्तों पर पुष्प वर्षा कर उनका अभिनंदन करेंगे जो हजारीबाग की स्वागत परंपरा का एक अभिन्न हिस्सा है।

सांसद की अपील और सुरक्षा के प्रति जागरूकता

जुलूस की विशालता को देखते हुए सांसद मनीष जायसवाल ने एक अत्यंत महत्वपूर्ण और संवेदनशील अपील जारी की है। उन्होंने विशेषकर ग्रामीण क्षेत्रों से आने वाले अभिभावकों से आग्रह किया है कि यदि उनके साथ छोटे बच्चे हैं तो वे बच्चों की जेब में एक पर्ची पर अपना मोबाइल नंबर और घर का पता अवश्य लिख दें। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में अक्सर बच्चे बिछड़ जाते हैं और ऐसी स्थिति में यह छोटी सी सावधानी उन्हें सुरक्षित परिवार तक पहुंचाने में मील का पत्थर साबित होगी। सांसद ने राम भक्तों से मर्यादा और अनुशासन के साथ पर्व मनाने का आह्वान किया है। उन्होंने कहा कि हजारीबाग की रामनवमी अपनी भव्यता के साथ-साथ अपनी शांति और भाईचारे के लिए भी जानी जाती है। सड़कों पर करीब 36 घंटों तक चलने वाले इस जनसैलाब के दौरान सावधानी बरतना और प्रशासन का सहयोग करना हर नागरिक का नैतिक दायित्व है।

सामाजिक संगठनों का योगदान और सामुदायिक सहभागिता

हजारीबाग में रामनवमी केवल सरकारी या राजनीतिक आयोजन नहीं रह गया है बल्कि यह सामुदायिक सेवा का एक बड़ा मंच बन चुका है। सांसद सेवा केंद्र के अलावा शहर के विभिन्न हिस्सों में दर्जनों सामाजिक संगठनों और व्यक्तिगत कार्यकर्ताओं द्वारा सेवा शिविर लगाए गए हैं। कोई संगठन चिकित्सा शिविर चला रहा है तो कोई खोया-पाया केंद्र संचालित कर रहा है। इन सभी प्रयासों का एकमात्र उद्देश्य यह सुनिश्चित करना है कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम के जन्मोत्सव में शामिल होने वाले किसी भी भक्त को कोई कष्ट न हो। हजारीबाग की यह परंपरा दिखाती है कि कैसे भक्ति और शक्ति के साथ सेवा का संगम एक समाज को जोड़ता है। सांसद मनीष जायसवाल का यह प्रयास न केवल एक राजनेता का कर्तव्य है बल्कि एक राम भक्त की अटूट श्रद्धा का परिचायक भी है जो हर वर्ष इस पावन बेला पर देखने को मिलता है।

Naresh Soni Editor in Chief.

विष्णुगढ़ मासूम हत्याकांड न्याय की गुहार और जयराम महतो का प्रशासन को 48 घंटे का अल्टीमेटम

विष्णुगढ़ मासूम हत्याकांड न्याय की गुहार और जयराम महतो का प्रशासन को 48 घंटे का अल्टीमेटम

हजारीबाग:  जिले के विष्णुगढ़ प्रखंड के अंतर्गत कुसुंभा पंचायत में घटी दिल दहला देने वाली घटना ने पूरे झारखंड को झकझोर कर रख दिया है। एक 12 वर्षीय मासूम बच्ची के साथ हुई क्रूरता और फिर उसकी निर्मम हत्या ने स्थानीय प्रशासन की मुस्तैदी और सामाजिक सुरक्षा पर गंभीर सवालिया निशान खड़े कर दिए हैं। इस जघन्य अपराध को लेकर जनता के बीच भारी आक्रोश व्याप्त है, जिसकी गूँज अब राजनीतिक गलियारों से लेकर सड़क तक सुनाई देने लगी है। शनिवार की सुबह झारखंड लोकतांत्रिक क्रांतिकारी मोर्चा के केंद्रीय अध्यक्ष और डुमरी विधायक जयराम कुमार महतो ने विष्णुगढ़ पहुंचकर पीड़ित परिवार से मुलाकात की और उन्हें ढांढस बंधाया। उन्होंने स्पष्ट रूप से चेतावनी दी है कि यदि अगले 48 घंटों के भीतर दोषियों की गिरफ्तारी नहीं होती है, तो झारखंड की सड़कों पर एक विशाल जनांदोलन छेड़ा जाएगा।

विष्णुगढ़ के कुसुंभा पंचायत में पीड़ित परिवार से मिलकर न्याय का भरोसा दिलाते विधायक जयराम महतो और उपस्थित ग्रामीण।

जयराम महतो ने घटनास्थल का निरीक्षण करने के बाद पुलिस प्रशासन की कार्यशैली पर गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने मौके से ही पुलिस उपाधीक्षक (DSP) को फोन कर घटना की गंभीरता से अवगत कराया और निर्देश दिया कि इस मामले में किसी भी स्तर पर कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। पीड़ित परिवार से मिलने के बाद मीडिया को संबोधित करते हुए विधायक ने कहा कि एक अबोध बच्ची की अस्मिता को इस तरह कुचलना और उसकी जान ले लेना हमारी पूरी सामाजिक व्यवस्था और कानून व्यवस्था की विफलता का प्रतीक है। उन्होंने सवाल उठाया कि घटना के चार दिन बीत जाने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली क्यों हैं और अब तक मुख्य आरोपियों को सलाखों के पीछे क्यों नहीं भेजा गया है।

इस दुखद घड़ी में जयराम महतो ने राज्य सरकार की चुप्पी पर भी कड़ा प्रहार किया। उन्होंने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री और सरकार के वरिष्ठ मंत्री केवल अपने आलीशान बंगलों के निर्माण और करोड़ों के प्रोजेक्ट्स में व्यस्त हैं, जबकि झारखंड की बेटियां असुरक्षित महसूस कर रही हैं। महतो ने मांग की है कि सरकार पीड़ित परिवार को अविलंब उचित मुआवजा प्रदान करे और उनकी सुरक्षा सुनिश्चित करे। उन्होंने इस मामले की सुनवाई फास्ट ट्रैक कोर्ट के माध्यम से कराने की पुरजोर वकालत की है, ताकि दोषियों को जल्द से जल्द फांसी की सजा मिल सके। उनका कहना है कि इस मामले में ऐसी कार्रवाई होनी चाहिए जो भविष्य के अपराधियों के लिए एक नजीर बने और कोई भी अपराधी ऐसी अमानवीय घटना को अंजाम देने की हिम्मत न कर सके।

विष्णुगढ़ के कुसुंभा पंचायत में आज सन्नाटा और मातम पसरा हुआ है, लेकिन ग्रामीणों की आंखों में आंसू के साथ-साथ प्रशासन के खिलाफ गुस्सा भी साफ दिखाई दे रहा है। स्थानीय लोगों का कहना है कि जब तक आरोपियों को कड़ी से कड़ी सजा नहीं मिल जाती, उनका संघर्ष जारी रहेगा। जयराम महतो के साथ इस दौरे में जेएलकेएम के जिला अध्यक्ष सरयू साव, केंद्रीय संगठन महासचिव महेंद्र प्रसाद महतो, पूर्व जिप सदस्य जय प्रकाश सिंह पटेल सहित भारी संख्या में कार्यकर्ता और ग्रामीण मौजूद रहे। सभी ने एक सुर में प्रशासन से न्याय की गुहार लगाई है और चेतावनी दी है कि विष्णुगढ़ की बेटी को न्याय दिलाने के लिए वे सदन से लेकर सड़क तक संघर्ष करेंगे। अब सबकी नजरें पुलिस की कार्रवाई पर टिकी हैं कि क्या प्रशासन निर्धारित समय सीमा के भीतर अपराधियों को पकड़ पाता है या नहीं।

HAZARIBAGH: रामनवमी मंगला जुलूस के दौरान पथराव, पुलिस की बड़ी कार्रवाई, मुख्य साजिशकर्ता गिरफ्तार

HAZARIBAGH: रामनवमी मंगला जुलूस के दौरान पथराव, पुलिस की बड़ी कार्रवाई, मुख्य साजिशकर्ता गिरफ्तार

हजारीबाग : झारखंड के हजारीबाग जिले में रामनवमी के पावन पर्व से ठीक पहले सांप्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने की एक गंभीर कोशिश को पुलिस ने नाकाम कर दिया है। बरकट्ठा और गोरहर थाना क्षेत्र के सीमावर्ती गांव तुईयो में मंगला जुलूस के दौरान प्रशासन और पुलिस बल पर हुए पथराव के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए मुख्य साजिशकर्ताओं को दबोच लिया है।

Giraftaar abhiukt.

बिना अनुमति जुलूस और रूट बदलने का विवाद

मिली जानकारी के अनुसार, यह घटना 24 मार्च 2026 की है। रामनवमी के मंगला जुलूस के अवसर पर ग्राम-तुईयो से एक जुलूस निकाला गया था। प्रशासन का दावा है कि इस जुलूस के पास वैध लाइसेंस नहीं था। स्थिति तब तनावपूर्ण हो गई जब जुलूस में शामिल कुछ लोगों ने निर्धारित मार्ग को छोड़कर 'लेवड़ा जमुआ' गांव की ओर जाने का प्रयास किया।

Press Release.

मौके पर तैनात दंडाधिकारी, अंचलाधिकारी (CO) बरकट्ठा और थाना प्रभारी ने भीड़ को समझाने और निर्धारित रूट पर वापस लाने की कोशिश की, लेकिन उपद्रवियों ने सहयोग करने के बजाय पुलिस प्रशासन पर पथराव शुरू कर दिया। इस अचानक हुए हमले में कई पुलिसकर्मी घायल भी हुए हैं।

पुलिस की सख्त कार्रवाई: 240 अज्ञात और 41 नामजद पर FIR

घटना की गंभीरता को देखते हुए हजारीबाग पुलिस ने त्वरित एक्शन लिया। उपद्रवियों को खदेड़कर स्थिति को नियंत्रण में लिया गया। पुलिस अधीक्षक कार्यालय से जारी विज्ञप्ति के अनुसार, घटना के वीडियो और फोटो साक्ष्यों के आधार पर कुल 41 नामजद और 240 अज्ञात लोगों के खिलाफ गोरहर थाना में कांड संख्या-12/26 (धारा- 25.03.26) के तहत मामला दर्ज किया गया है।

अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, बरही के नेतृत्व में गठित विशेष टीम ने छापेमारी कर दो मुख्य अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है

उतीम महतो (पिता- कन्हाई महतो, ग्राम- तुईयो)

राजेश कुमार (पिता-केदार महतो, ग्राम- तुईयो)

हजारीबाग पुलिस की सोशल मीडिया पर पैनी नजर

रामनवमी के त्योहार को देखते हुए हजारीबाग पुलिस अलर्ट मोड पर है। साइबर थाना पूरे जिले की डिजिटल गतिविधियों को ट्रैक कर रहा है। पुलिस ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि व्हाट्सएप, फेसबुक, ट्विटर या इंस्टाग्राम पर कोई भी भड़काऊ पोस्ट डालने वालों को बख्शा नहीं जाएगा। भ्रामक खबरें फैलाने वालों को सीधे नोटिस भेजा जा रहा है।

शांति समिति की अपील और गाइडलाइंस

प्रशासन ने आम नागरिकों से अपील की है कि वे शांति समिति की बैठकों में लिए गए निर्णयों का अक्षरशः पालन करें। किसी भी अफवाह पर ध्यान न दें और संदिग्ध गतिविधि दिखने पर तुरंत स्थानीय पुलिस को सूचना दें। हजारीबाग पुलिस का ध्येय वाक्य "सेवा ही लक्ष्य" को दोहराते हुए प्रशासन ने त्योहार को आपसी भाईचारे के साथ मनाने का संदेश दिया है।

Naresh Soni Editor in Chief.

हजारीबाग में शराब माफियाओं पर बड़ा प्रहार, रामनवमी से पहले प्रशासन सख्त, हजारों किलो जावा महुआ नष्ट

हजारीबाग में शराब माफियाओं पर बड़ा प्रहार, रामनवमी से पहले प्रशासन सख्त, हजारों किलो जावा महुआ नष्ट
हजारीबाग के चौपारण में अवैध शराब की भट्ठियों को विनष्ट करते उत्पाद विभाग के अधिकारी और नष्ट किया गया जावा महुआ।

हजारीबाग: झारखंड के हजारीबाग जिले में आगामी रामनवमी पर्व को देखते हुए जिला प्रशासन और उत्पाद विभाग पूरी तरह से अलर्ट मोड पर है। उपायुक्त (DC) हजारीबाग के कड़े निर्देशों के बाद, अवैध शराब के निर्माण और बिक्री के खिलाफ जिले में एक सघन अभियान छेड़ दिया गया है। इसी क्रम में चौपारण थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सुदूरवर्ती इलाकों में छापेमारी कर अवैध शराब की भट्ठियों को ध्वस्त किया गया है।

चौपारण के गांवों में उत्पाद विभाग की बड़ी कार्रवाई

सहायक आयुक्त उत्पाद, हजारीबाग के सफल निर्देशन में विभाग की विशेष टीम ने चौपारण थाना अंतर्गत ग्राम असनाचूवा और गोरमोरवा में दबिश दी। गुप्त सूचना के आधार पर की गई इस कार्रवाई में अवैध महुआ चुलाई शराब की तीन अलग-अलग भट्ठियों का भंडाफोड़ किया गया।

छापेमारी दल जब मौके पर पहुँचा, तो वहाँ बड़े पैमाने पर अवैध शराब बनाने का काला कारोबार चल रहा था। टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए घटनास्थल और आसपास के जंगली इलाकों में छिपाकर रखे गए लगभग 2200 किलोग्राम किण्वन योग्य जावा महुआ को मौके पर ही विनष्ट कर दिया। इसके साथ ही, लगभग 130 लीटर तैयार अवैध चुलाई शराब जब्त की गई है।

रामनवमी पर्व पर शांति व्यवस्था बनाए रखने की कवायद

हजारीबाग में रामनवमी का पर्व बहुत ही धूमधाम और संवेदनशीलता के साथ मनाया जाता है। ऐसे में असामाजिक तत्वों द्वारा शराब का अवैध संचय और वितरण शांति व्यवस्था में खलल डाल सकता है। उपायुक्त महोदय ने स्पष्ट किया है कि पर्व के दौरान अवैध शराब की बिक्री, निर्माण, संचय या परिवहन पर पूर्णतः अंकुश लगाया जाएगा।

उत्पाद विभाग की इस कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य पर्व के दौरान किसी भी अप्रिय घटना को रोकना और क्षेत्र में कानून का राज स्थापित करना है। जब्त किए गए उपकरणों और शराब बनाने की सामग्रियों को नष्ट कर दिया गया है ताकि ये शराब माफिया दोबारा सक्रिय न हो सकें।

फरार अभियुक्तों की तलाश तेज

विभाग ने इस मामले में संलिप्त अभियुक्तों की पहचान कर ली है। कानून की सुसंगत धाराओं के तहत आरोपियों के विरुद्ध 'फरार अभियोग' दर्ज किया जा रहा है। अधिकारियों का कहना है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर छापेमारी जारी रहेगी और उन्हें किसी भी सूरत में बख्शा नहीं जाएगा।

छापेमारी दल का नेतृत्व और समर्पण

इस सफल अभियान में उत्पाद विभाग के जांबाज अधिकारियों ने अहम भूमिका निभाई। टीम में मुख्य रूप से शामिल थे: अवर निरीक्षक उत्पाद: सुमितेश कुमार, सहायक अवर निरीक्षक: एंटोनि बागे, उत्पाद आरक्षी: अनूप कुमार सिंह, सशस्त्र गृह रक्षा वाहिनी के जवान

न्यूज़ प्रहरी प्रधान सम्पादक नरेश सोनी।

मांदर की थाप पर थिरके कांग्रेस नेता मुन्ना सिंह, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश

मांदर की थाप पर थिरके कांग्रेस नेता मुन्ना सिंह, पर्यावरण संरक्षण का दिया संदेश
Sarhul Festival Hazaribagh Munna Singh

हजारीबाग (न्यूज़ प्रहरी): झारखंड की पावन धरा पर प्रकृति और मानवीय संवेदनाओं के मिलन का महापर्व 'सरहुल' पूरे राजकीय उल्लास के साथ मनाया जा रहा है। इसी कड़ी में हजारीबाग सदर विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सदर प्रखंड की गुरहेत पंचायत स्थित बहोरनपुर गांव में सरहुल का आयोजन बेहद खास रहा। इस उत्सव में परंपरा, संस्कृति और आधुनिकता का अनूठा संगम देखने को मिला, जहां पूर्व सदर विधानसभा प्रत्याशी मुन्ना सिंह ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत कर ग्रामीणों का उत्साह दोगुना कर दिया।

पारंपरिक स्वागत और रीति-रिवाज

Sarhul Festival Hazaribagh Munna Singh-2

कार्यक्रम की शुरुआत झारखंडी संस्कृति के अनुरूप भव्य स्वागत से हुई। आयोजन समिति के सदस्यों, जिनमें गुरहेत पंचायत के मुखिया महेश तिग्गा, सुरेश तिग्गा, प्रीतम तिग्गा और बसंत केरकेट्टा शामिल थे, ने मुन्ना सिंह का पारंपरिक तरीके से गर्मजोशी भरा अभिनंदन किया।

सरहुल की सबसे विशिष्ट परंपरा के अनुसार, मुख्य पहान ने मुन्ना सिंह को सखुआ (साल) का पवित्र फूल भेंट किया। यह फूल न केवल प्रकृति के प्रति सम्मान का प्रतीक है, बल्कि आने वाले समृद्ध वर्ष और खुशहाली का आशीर्वाद भी माना जाता है।

मांदर की थाप और सामुदायिक नृत्य

उत्सव का मुख्य आकर्षण वह पल रहा जब मुन्ना सिंह खुद को झारखंडी लोक धुनों से रोक नहीं पाए। मांदर की गूंज और लोक गीतों के बीच उन्होंने स्थानीय ग्रामीण भाई-बहनों के साथ कदम से कदम मिलाकर पारंपरिक नृत्य किया। सफ़ेद धोती और माथे पर पगड़ी पहने ग्रामीणों के बीच मुन्ना सिंह का यह सहज अंदाज चर्चा का विषय बना रहा। उन्होंने आदिवासी संस्कृति की जीवंतता को करीब से महसूस किया और कहा कि यह लयबद्धता ही हमारे समाज की असली ताकत है।

मुन्ना सिंह का संबोधन: प्रकृति और संस्कृति का संरक्षण

उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए मुन्ना सिंह ने सरहुल के गहरे आध्यात्मिक और सामाजिक अर्थों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा:

"सरहुल केवल एक त्योहार या कर्मकांड नहीं है, बल्कि यह प्रकृति के प्रति हमारी अटूट आस्था, पर्यावरण संरक्षण और अटूट सामुदायिक एकता का जीवंत प्रतीक है। आज जब पूरी दुनिया ग्लोबल वार्मिंग जैसी समस्याओं से जूझ रही है, तब हमारी आदिवासी संस्कृति हमें सिखाती है कि प्रकृति के साथ तालमेल बिठाकर कैसे जिया जाता है।"

उन्होंने आगे अपील की कि हमें केवल त्योहारों तक सीमित नहीं रहना चाहिए, बल्कि जल, जंगल और जमीन के संरक्षण के लिए हर दिन जागरूक रहना होगा। उन्होंने समस्त क्षेत्रवासियों को सरहुल की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए सुख-समृद्धि की कामना की।

ग्रामीणों की भारी भागीदारी

इस गरिमामय अवसर पर समाज के हर वर्ग के लोग उपस्थित थे। मुख्य रूप से बैहरी पंचायत के मुखिया पवन यादव, विक्की कुमार धान, दिनेश यादव, शंभू केरकेट्टा, सुभास्तम केरकेट्टा, प्रसन केरकेट्टा, सुनील तिग्गा, अरुण केरकेट्टा, नितेश केरकेट्टा, विक्रम केरकेट्टा, सुरेश केरकेट्टा, नीरज कुमार और मधु केरकेट्टा सहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण महिला-पुरुष और बच्चे मौजूद रहे। पूरे बहोरनपुर गांव में उत्सव का माहौल ऐसा था मानो पूरी प्रकृति स्वयं नृत्य कर रही हो।

धार्मिक और सांस्कृतिक महत्व

सरहुल, जिसे 'बा परब' भी कहा जाता है, साल के वृक्षों में नए फूल आने की खुशी में मनाया जाता है। बहोरनपुर की इस सभा में बुजुर्गों ने बताया कि यह पर्व धरती माता और सूर्य देव के विवाह के प्रतीक के रूप में मनाया जाता है। गांव के अखड़ा में हुए इस आयोजन ने एक बार फिर सिद्ध कर दिया कि विकास की दौड़ में भी हजारीबाग अपनी जड़ों को नहीं भूला है।

© 2025 News Prahari. All Rights Reserved. | Reg No: JH-11-0021972