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EDITOR: NARESH PRASAD SONI
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Hazaribagh Helpline Numbers: हजारीबाग जिला प्रशासन ने जारी की इमरजेंसी हेल्पलाइन नंबरों की लिस्ट, मोबाइल में सेव कर लें ये जरूरी कांटेक्ट नंबर!

 

📞 हजारीबाग जिला प्रशासन ने जारी की आपातकालीन हेल्पलाइन लिस्ट; मुसीबत में तुरंत इन नंबरों पर करें कॉल, एक क्लिक में देखें पूरी सूची

हजारीबाग: आम जनता की सुविधा, सुरक्षा और आपातकालीन परिस्थितियों से निपटने के लिए हजारीबाग जिला प्रशासन (सूचना एवं जनसम्पर्क विभाग) ने एक विस्तृत आपातकालीन हेल्पलाइन नंबरों की सूची जारी की है। इस सूची में पुलिस, मेडिकल, एम्बुलेंस, बिजली, पेयजल और नगर निगम समेत तमाम आवश्यक सेवाओं के प्रमुख अधिकारियों और कंट्रोल रूम के नंबर शामिल किए गए हैं, ताकि किसी भी अप्रिय घटना या जरूरत के समय लोग सीधे संपर्क कर सकें।

HAZARIBAGH: Official emergency helpline numbers list issued by the Hazaribagh District Administration. (Photo: News Prahari)

नीचे विभागवार सभी महत्वपूर्ण संपर्क सूत्रों की सूची दी जा रही है, जिसे आप अपने मोबाइल में सुरक्षित रख सकते हैं:

🚨 1. आपातकालीन एवं पुलिस प्रशासन (Emergency & Police)

  • जिला नियंत्रण कक्ष (District Control Room): 8002529348, 8002529349

  • पुलिस टोल फ्री नंबर: 100 / 112

  • पुलिस व्हाट्सऐप नंबर: 8002529349

  • SDO सदर: 9431140250

  • SDO बरही: 9431140473, 9931990484

  • DY SP (C.C.R): 9471701252

  • DY SP हेडक्वार्टर: 9431140990

  • SDPO सदर: 9431706298

  • SDPO बिष्णुगढ़: 9430165633

  • SDPO बरही: 9431706299

  • SDPO बड़कागांव: 9430336100

  • साइबर सेल (Cyber Cell): 9431105939

🩺 2. मेडिकल एवं एम्बुलेंस सेवाएं (Medical & Ambulance)

  • सिविल सर्जन (Civil Surgeon): 9934725715

  • SBMCH अधीक्षक (Superintendent): 9431183611

  • DRCHO: 9835064921

  • डिप्टी सुपरिटेंडेंट (Deputy Superintendent): 7277205353

  • एम्बुलेंस टोल फ्री नंबर: 108

  • जिला प्रबन्धक 108 सेवा (रोहित): 6201196481

💧 3. पेयजल विभाग - कनीय अभियंता (Drinking Water Supply)

अवर प्रमण्डल पदाधिकारी-1 (हजारीबाग) - 7295883045 (प्रेम):

  • कटकमसांडी / कटकमदाग क्षेत्र: 8809599783

  • सदर / दारू क्षेत्र: 7632931408

  • चुरचू / डाडी क्षेत्र: 8102690901

अवर प्रमण्डल पदाधिकारी-1 (हजारीबाग) - 7295883045:

  • इचाक क्षेत्र: 7295921997

  • विष्णुगढ़ / टाटीझरिया क्षेत्र: 7079376302

अवर प्रमण्डल पदाधिकारी (बरही) - 8076635024:

  • बरकट्टा / चलकुशा क्षेत्र: 9508005732

  • बरही / चौपारण / पदमा क्षेत्र: 9430337916

⚡ 4. विद्युत विभाग एवं अन्य सेवाएं (Electricity & Other Services)

विद्युत नियंत्रण कक्ष (24x7): 9431135708, 9430346728

  • कटकमसांडी एरिया: 9431135715

  • हजारीबाग शहरी एरिया: 9431135716

  • हजारीबाग ग्रामीण एरिया: 9431135717 (कार्यपालक अभियंता)

अग्निशामक (फायर ब्रिगेड 24x7):

  • 9304953423 अथवा 112

  • 9304953426 अथवा 112

नगर निगम (Municipal Corporation):

Madhupur: इंसानियत की मिसाल बने स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी, सड़क हादसे में घायल युवक की खुद आगे बढ़कर बचाई जान!

​🩺 इंसानियत की मिसाल: स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने सड़क पर तड़पते घायल युवक की बचाई जान, खुद रुकवाया अपना काफिला

मधुपुर/रांची: जनसेवा केवल पद से नहीं, बल्कि एक संवेदनशील हृदय और मानवता के भाव से होती है। इसे सच कर दिखाया है झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने। मधुपुर के लालगढ़ काली मंदिर के समीप सड़क दुर्घटना में गंभीर रूप से घायल एक युवक के लिए स्वास्थ्य मंत्री देवदूत बनकर पहुंचे और उसकी जान बचाई। स्वास्थ्य मंत्री ने अपने आधिकारिक फेसबुक पोस्ट पर इस घटना की तस्वीरें साझा करते हुए इसकी जानकारी दीी है।

Jharkhand Health Minister Dr. Irfan Ansari helping and providing medical aid to an injured youth, Rahul Bhandari, after a road accident near Lalgarh Kali Mandir. (Photo: News Prahari)

​🏍️ गाय से टकराकर गंभीर रूप से घायल हुआ था राहुल भंडारी

​मिली जानकारी के अनुसार, मधुपुर के लालगढ़ काली मंदिर के पास राहुल भंडारी नामक एक युवक तेज गति से बाइक चलाते समय अचानक सामने आई एक गाय से टकरा गया। टक्कर इतनी जोरदार थी कि युवक सड़क पर गिरकर लहूलुहान हो गया और गंभीर रूप से घायल हो गया।

Jharkhand Health Minister Dr. Irfan Ansari helping and providing medical aid to an injured youth, Rahul Bhandari, after a road accident near Lalgarh Kali Mandir. (Photo: News Prahari)

​संयोगवश, उसी समय झारखंड के स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी का काफिला उसी मार्ग से गुजर रहा था। सड़क पर तड़पते हुए घायल युवक को देखकर मंत्री ने तुरंत अपना वाहन रुकवाया। वे खुद दौड़कर मौके पर पहुंचे, युवक को संभाला, प्राथमिक सहायता उपलब्ध कराई और तत्काल अपनी निगरानी में बेहतर चिकित्सकीय देखभाल के लिए डॉक्टरों के पास भेजा। समय पर मिली इस मदद से राहुल भंडारी को नया जीवन मिल गया।

​🗣️ "वाहन चलाते समय गति नियंत्रित रखें और हेलमेट जरूर पहनें": स्वास्थ्य मंत्री

​इस घटना के बाद युवाओं को संदेश देते हुए स्वास्थ्य मंत्री डॉ. इरफान अंसारी ने कहा, "जीवन बहुत अनमोल है। मैं सभी युवाओं से हाथ जोड़कर अपील करता हूं कि वाहन चलाते समय अपनी गति पर नियंत्रण रखें और हेलमेट अवश्य पहनें। दुर्घटना किसी के साथ भी हो सकती है, लेकिन सावधानी ही सबसे बड़ा बचाव है। ऊपरवाला किसी न किसी रूप में आपकी रक्षा के लिए किसी को माध्यम बनाकर भेज देता है, लेकिन माता-पिता की दुआ हमेशा आपके साथ रहती है।"

​🙏 स्थानीय लोगों ने जताया आभार, कहा- यह किसी चमत्कार से कम नहीं

​इस हृदयविदारक घटना के बाद मौके पर मौजूद आसपास के लोगों ने स्वास्थ्य मंत्री का हृदय से आभार व्यक्त किया। स्थानीय ग्रामीणों ने भावुक होकर कहा कि सही समय पर मंत्री जी का वहां पहुंचना किसी चमत्कार से कम नहीं था। लोगों ने कहा कि मां काली की कृपा और आशीर्वाद हमेशा डॉ. इरफान अंसारी के साथ है, तभी वे जरूरतमंदों की सहायता के लिए हर समय तत्पर रहते हैं।

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हजारीबाग: जल संकट पर डीसी का एक्शन, 48 घंटे में पहाड़ी गांव को मिला शुद्ध पानी

हजारीबाग: जल संकट पर डीसी का एक्शन, 48 घंटे में पहाड़ी गांव को मिला शुद्ध पानी

नीर वीर व्हाट्सएप चैटबॉट बना वरदान: चौपारण के सुदूर आदिवासी क्षेत्र ताजपुर में जिला प्रशासन ने बोरिंग कराकर लगाया नया हैंडपंप, ग्रामीणों के चेहरे खिले।

नरेश सोनी प्रधान सम्पादक, न्यूज़ प्रहरी।

हजारीबाग (झारखंड): गर्मी की तपिश बढ़ने के साथ ही झारखंड के सुदूर इलाकों में गहराते जल संकट को देखते हुए हजारीबाग जिला प्रशासन 'एक्शन मोड' में है। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के निर्देशों का पालन करते हुए उपायुक्त (DC) शशि प्रकाश सिंह ने जिले में पेयजल समस्याओं के त्वरित समाधान के लिए संवेदनशीलता दिखाई है। इसका ताजा उदाहरण चौपारण प्रखंड के दुर्गम पहाड़ी क्षेत्र ताजपुर पंचायत में देखने को मिला, जहां सालों से पानी की किल्लत झेल रहे आदिवासी ग्रामीणों को महज 48 घंटे के भीतर राहत पहुंचाई गई।

हजारीबाग चौपारण के ताजपुर पंचायत में बोरिंग और हैंडपंप लगाते कर्मचारी और खुश ग्रामीण

नीर वीर चैटबॉट: तकनीक से समाधान तक का सफर

हजारीबाग जिला प्रशासन द्वारा शुरू किया गया “नीर वीर व्हाट्सएप चैटबॉट” आम जनता के लिए गेम-चेंजर साबित हो रहा है। ताजपुर पंचायत के आदिवासी बहुल इलाके से पेयजल समस्या की शिकायत इसी माध्यम से प्राप्त हुई थी। डीसी शशि प्रकाश सिंह ने मामले की गंभीरता को देखते हुए विभाग को तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।


दुर्गम पहाड़ियों पर पहुंची मशीन, 48 घंटे में हुआ काम

भौगोलिक रूप से कठिन और पहाड़ी रास्ता होने के बावजूद, जिला प्रशासन ने युद्ध स्तर पर कार्य करते हुए 48 घंटों के भीतर बोरिंग का कार्य संपन्न कराया। केवल बोरिंग ही नहीं, बल्कि तत्काल चापानल (हैंडपंप) का अधिष्ठापन भी सुनिश्चित किया गया। अब यहां के आदिवासी परिवारों को शुद्ध पेयजल के लिए मीलों दूर नहीं भटकना पड़ेगा।

उपायुक्त की अपील: चैटबॉट का करें उपयोग

उपायुक्त ने कहा कि प्रशासन हर नागरिक तक बुनियादी सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने जिलेवासियों से अपील की है कि वे पेयजल से जुड़ी किसी भी समस्या को “नीर वीर व्हाट्सएप चैटबॉट” पर दर्ज करें ताकि प्राथमिकता के आधार पर उनका समाधान किया जा सके।

हजारीबाग में जल संकट पर प्रहार: उपायुक्त के निर्देश पर सभी प्रखंडों में 'नीर चौपाल' का आयोजन, टैंकरों और चापानलों की होगी मरम्मत

हजारीबाग में जल संकट पर प्रहार: उपायुक्त के निर्देश पर सभी प्रखंडों में 'नीर चौपाल' का आयोजन, टैंकरों और चापानलों की होगी मरम्मत

नरेश सोनी प्रधान सम्पादक, न्यूज़ प्रहरी।

हजारीबाग: भीषण गर्मी की आहट के साथ ही जिले में पेयजल संकट से निपटने के लिए प्रशासन ने कमर कस ली है। उपायुक्त शशि प्रकाश सिंह के नेतृत्व में हजारीबाग के सभी प्रखंडों में 'नीर चौपाल' का आयोजन किया गया, ताकि ग्रामीण क्षेत्रों में पानी की एक-एक बूंद की उपलब्धता सुनिश्चित की जा सके और खराब पड़े संसाधनों को तुरंत दुरुस्त किया जा सके।

Hazaribagh Neer Chaupal meeting for drinking water solution and handpump repair plan.

समस्याओं की हुई मैपिंग, कार्यपालक अभियंता को सौंपी जाएगी रिपोर्ट

नीर चौपाल के दौरान प्रखंड विकास पदाधिकारियों ने जनप्रतिनिधियों और जल सहियाओं के साथ बैठक कर क्षेत्र के खराब चापानलों की सूची तैयार की। इस संकलित डेटा को पेयजल एवं स्वच्छता प्रमंडल के कार्यपालक अभियंता को भेजा जाएगा। प्रशासन का लक्ष्य है कि एक ठोस कार्य योजना बनाकर बंद पड़े चापानलों को युद्ध स्तर पर चालू किया जाए।

PVTG क्षेत्रों पर विशेष नजर और टैंकरों की व्यवस्था

बैठक में विशेष रूप से आदिम जनजाति (PVTG) बहुल क्षेत्रों में जलापूर्ति सुनिश्चित करने पर जोर दिया गया। उपायुक्त ने निर्देश दिया है कि टैंकरों का आकलन कर उनकी मरम्मत कराई जाए ताकि किसी भी परिस्थिति में जलापूर्ति बाधित न हो। इन क्षेत्रों में पानी के वितरण की नियमित मॉनिटरिंग भी की जाएगी।

इन नंबरों पर दर्ज कराएं शिकायत

आम जनता की सुविधा के लिए प्रशासन ने हेल्पलाइन नंबर जारी किए हैं। अगर आपके क्षेत्र में चापानल खराब है या पानी की किल्लत है, तो आप इन माध्यमों का उपयोग कर सकते हैं:

दूरभाष संख्या: 06546-262291

AI चैटबॉट नंबर: 8757864361

जल संरक्षण के लिए दीर्घकालिक योजना

तत्काल राहत के अलावा, सरकार डोभा निर्माण, वर्षा जल संचयन और तालाबों के गहरीकरण जैसे कार्यों पर भी ध्यान दे रही है। अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं कि जल स्रोतों के पुनर्जीवन के कार्यों में स्थानीय नागरिकों की भागीदारी सुनिश्चित की जाए।

अवर सचिव रास बिहारी प्रसाद सेवानिवृत्त, प्रमंडलीय कार्यालय में गूंजी उनके तीन दशकों की सेवा की गूंज

अवर सचिव रास बिहारी प्रसाद सेवानिवृत्त, प्रमंडलीय कार्यालय में गूंजी उनके तीन दशकों की सेवा की गूंज

1995 से प्रशासनिक सेवा में सक्रिय रहे  रास की कार्यनिष्ठा को सचिव बासुदेव प्रसाद ने सराहा; शॉल व पुष्पगुच्छ देकर किया सम्मानित।

हजारीबाग: उत्तरी छोटानागपुर प्रमंडलीय कार्यालय, हजारीबाग के लिए आज का दिन भावुक क्षणों से भरा रहा। कार्यालय के वरिष्ठ अधिकारी और अवर सचिव (झारखंड प्रशासनिक सेवा)  रास बिहारी प्रसाद के सेवानिवृत्त होने पर कार्यालय परिसर में एक गरिमापूर्ण विदाई समारोह का आयोजन किया गया। तीन दशकों तक प्रशासनिक सेवा में अपनी अमिट छाप छोड़ने वाले रास बिहारी को प्रमंडलीय पदाधिकारियों और सहकर्मियों ने नम आंखों से विदाई दी।

सचिव बासुदेव प्रसाद द्वारा अवर सचिव रास बिहारी को सम्मानित किए जाने का दृश्य।
1995 से शुरू हुआ कर्तव्य का सफर

विदाई समारोह के दौरान रास बिहारी प्रसाद के लंबे सेवा काल को याद किया गया। उन्होंने वर्ष 1995 में अपनी सरकारी सेवा का प्रारंभ किया था। अपने लगभग 30 वर्षों के कार्यकाल में उन्होंने विभिन्न महत्वपूर्ण प्रशासनिक पदों पर रहते हुए पूरी निष्ठा, ईमानदारी और कर्तव्यपरायणता के साथ जिम्मेदारियों का निर्वहन किया। उनके शांत स्वभाव और अनुशासित कार्यशैली की सहकर्मियों ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की।

Vudaee ki saamuhik photo

"आने वाली पीढ़ी के लिए प्रेरणास्रोत हैं रास बिहारी": सचिव

समारोह को संबोधित करते हुए सचिव  बासुदेव प्रसाद ने उनके योगदान को रेखांकित किया। उन्होंने कहा कि बिहारी ने न केवल अपना कार्य किया, बल्कि प्रमंडलीय कार्यालय की कार्यसंस्कृति को सुदृढ़ करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। सचिव ने उनके प्रशासनिक अनुभव की सराहना करते हुए कहा कि उनकी सरलता और अनुभव आने वाले अधिकारियों के लिए एक मिसाल रहेंगे। उन्होंने उनके स्वस्थ और सुखद सेवानिवृत्त जीवन की मंगलकामना की।

सम्मान और स्मृतियों का संगम

कार्यक्रम के दौरान सभी सहकर्मियों ने रास बिहारी के साथ बिताए गए समय और उनसे मिले मार्गदर्शन को साझा किया। इस अवसर पर उन्हें विभाग की ओर से शॉल, पुष्पगुच्छ और स्मृति चिन्ह देकर सम्मानित किया गया। समारोह में सेवानिवृत्त अवर सचिव राकेश चौधरी सहित प्रमंडलीय कार्यालय के सभी पदाधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित थे, जिन्होंने एक स्वर में रास बिहारी के उज्ज्वल भविष्य की कामना की। 

नरेश सोनी प्रधान सम्पादक। न्यूज़ प्रहरी।।


झारखंड: महिला आयोग की अनुपस्थिति पर अंबा प्रसाद का तीखा प्रहार, जल्द गठन की मांग

झारखंड: महिला आयोग की अनुपस्थिति पर अंबा प्रसाद का तीखा प्रहार, जल्द गठन की मांग

सम्पादकीय 
Amba Prasad 

रांची: झारखंड की राजनीति में महिलाओं के अधिकारों की आवाज बुलंद करते हुए अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की राष्ट्रीय सचिव व पूर्व विधायक अंबा प्रसाद ने राज्य सरकार से जल्द से जल्द राज्य महिला आयोग के गठन की मांग की है। उन्होंने कहा कि आयोग के अस्तित्व में न होने के कारण राज्य की आधी आबादी को अपने संवैधानिक अधिकारों के लिए दर-दर भटकना पड़ रहा है।

न्याय की आस में भटक रही हैं महिलाएं

अंबा प्रसाद ने इस मामले की गंभीरता को देखते हुए माननीय सर्वोच्च न्यायालय और उच्च न्यायालय से भी हस्तक्षेप करने की अपील की है। उन्होंने स्पष्ट किया कि महिला आयोग केवल एक संस्थान नहीं, बल्कि पीड़ित महिलाओं के लिए न्याय का एक सुलभ द्वार है। इसकी अनुपस्थिति में घरेलू हिंसा, कार्यस्थल पर उत्पीड़न और अन्य अपराधों की शिकायतों का निपटारा समय पर नहीं हो पा रहा है।

"जब जनप्रतिनिधि सुरक्षित नहीं, तो आम महिला का क्या?"

अंबा प्रसाद ने अपने संघर्ष का जिक्र करते हुए एक बड़ा सवाल खड़ा किया। उन्होंने कहा, "मैं खुद एक महिला जनप्रतिनिधि होने के नाते अपने अधिकारों के लिए संघर्ष कर रही हूँ। जब एक विधायक स्तर की महिला को न्याय पाने में इतनी कठिनाई हो रही है, तो दूर-दराज के गांवों में रहने वाली आम महिलाओं की स्थिति की कल्पना करना भी डरावना है।"

आयोग न होने के गंभीर दुष्परिणाम

विशेषज्ञों और सामाजिक कार्यकर्ताओं का मानना है कि महिला आयोग के न होने से निम्नलिखित समस्याएं उत्पन्न हो रही हैं:

सुनवाई में देरी: पुलिस थानों के चक्कर लगाने के बाद भी महिलाओं को उचित परामर्श और कानूनी सहायता नहीं मिल पाती।

असुरक्षा का माहौल: अपराधियों के मन में डर कम होता है क्योंकि उन्हें पता है कि त्वरित निगरानी करने वाली कोई संस्था सक्रिय नहीं है। 

सरकारी योजनाओं का लाभ: महिलाओं के कल्याण के लिए बनी योजनाओं की मॉनिटरिंग प्रभावित होती है।

झारखंड सहित देश के कई राज्यों में महिला आयोगों के खाली पड़े पद एक राष्ट्रीय चर्चा का विषय हैं। अंबा प्रसाद की यह मांग न केवल राजनीतिक है, बल्कि मानवाधिकारों के संरक्षण की दिशा में एक बड़ा कदम है। सरकार को चाहिए कि वह राजनीति से ऊपर उठकर महिलाओं की सुरक्षा और सम्मान के लिए इस संवैधानिक संस्था को अविलंब पुनर्जीवित करे।

क्या आपको लगता है कि महिला आयोग के बिना न्याय मिलना कठिन है?

हजारीबाग में खेल क्रांति की तैयारी: विधायक प्रदीप प्रसाद ने सदन में उठाई स्टेडियमों के निर्माण की गूँज

हजारीबाग में खेल क्रांति की तैयारी: विधायक प्रदीप प्रसाद ने सदन में उठाई स्टेडियमों के निर्माण की गूँज

नरेश सोनी विशेष संवाददाता।
झारखंड विधानसभा के सदन में हजारीबाग की खेल सुविधाओं और स्टेडियम निर्माण की मांग रखते विधायक प्रदीप प्रसाद।

हजारीबाग : झारखंड विधानसभा के बजट सत्र के दौरान हजारीबाग सदर विधायक प्रदीप प्रसाद ने क्षेत्र की खेल प्रतिभाओं के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए एक दूरदर्शी मांग रखी है। विधायक ने सदन का ध्यान हजारीबाग विधानसभा क्षेत्र की जर्जर खेल संरचनाओं और अधूरे पड़े प्रोजेक्ट्स की ओर खींचते हुए सरकार से बजट आवंटन की पुरजोर वकालत की।

कटकमसांडी का अधूरा सपना: कब पूरा होगा खिलाड़ियों का इंतज़ार?

विधायक श्री प्रसाद ने सदन पटल पर प्रमुखता से कटकमसांडी प्रखंड के अधूरे पड़े स्टेडियम का मुद्दा उठाया। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य लंबे समय से लंबित होने के कारण न केवल सरकारी राशि का दुरुपयोग हो रहा है, बल्कि स्थानीय युवाओं को अभ्यास के लिए मैदान की कमी का सामना करना पड़ रहा है। इस स्टेडियम के पूरा होने से कटकमसांडी और आसपास के दर्जनों गांवों के एथलीटों को एक पेशेवर मंच मिलेगा।

सिलवार में जगन्नाथ धाम स्टेडियम: शहर की बढ़ती जरूरतों का समाधान

हजारीबाग शहर के बढ़ते विस्तार को देखते हुए, सदर प्रखंड के सिलवार स्थित जगन्नाथ धाम में एक नए और आधुनिक स्टेडियम की मांग रखी गई है। विधायक ने तर्क दिया कि शहर के मौजूदा मैदानों पर दबाव बढ़ रहा है। एक सुसज्जित स्टेडियम न केवल अभ्यास के लिए बल्कि राज्य और राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं की मेजबानी के लिए भी अनिवार्य है। इससे हजारीबाग में खेल पर्यटन (Sports Tourism) को भी बढ़ावा मिलेगा।

ग्रामीण प्रतिभाओं को मुख्यधारा से जोड़ने की पहल: कटकमदाग और दारू प्रखंड

विधायक प्रदीप प्रसाद का दृष्टिकोण केवल शहरी केंद्रों तक सीमित नहीं है। उन्होंने कटकमदाग और दारू प्रखंड में भी नए खेल स्टेडियमों के निर्माण की आवश्यकता जताई। उनका मानना है कि झारखंड के गांवों में नैसर्गिक प्रतिभा की कोई कमी नहीं है, कमी है तो केवल उचित बुनियादी ढांचे की। ग्रामीण क्षेत्रों में स्टेडियम बनने से युवाओं का झुकाव नशाखोरी जैसी बुराइयों से हटकर सकारात्मक खेल गतिविधियों की ओर बढ़ेगा।

एडसेंस विशेष विश्लेषण: क्यों जरूरी है यह मांग?

विधायक की इस पहल का मुख्य उद्देश्य हजारीबाग को झारखंड का 'स्पोर्ट्स हब' बनाना है। वर्तमान में बुनियादी सुविधाओं के अभाव में कई प्रतिभावान खिलाड़ी बड़े शहरों की ओर पलायन करने को मजबूर हैं। यदि सरकार इन प्रस्तावित परियोजनाओं को प्राथमिकता देते हुए बजट जारी करती है, तो इससे न केवल खेल संस्कृति मजबूत होगी बल्कि स्थानीय स्तर पर रोजगार के अवसर भी पैदा होंगे।

विधायक प्रदीप प्रसाद ने सरकार से आग्रह किया है कि इन परियोजनाओं को केवल घोषणाओं तक सीमित न रखकर, धरातल पर उतारने के लिए समयबद्ध तरीके से कार्य किया जाए। 

झारखंड विधानसभा में गूंजी अधिवक्ताओं की आवाज: विधायक प्रदीप प्रसाद ने की 'एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट' लागू करने की मांग

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